होम / सैड शायरी / हुस्न से कस्बेहुनर

हुस्न से कस्बेहुनर

( एडमिन द्वारा दिनाँक 21-10-2016 को प्रस्तुत )
-Advertisement-

अब भला छोड़ के घर क्या करते,
शाम के वक्त हम सफ़र क्या करते,
इश्क ने सारे सलीके बख्शे हमें,
हुस्न से कस्बेहुनर क्या करते।

-Advertisement-

आप इन्हें भी पसंद करेंगे

-Advertisement-
पेज शेयर करें
   
© 2015-2017 हिंदी-शायरी.इन | डिसक्लेमर | संपर्क करें | साईटमैप
Best Shayari in hindi | Love Sad Funny Shayari and Status in Hindi