होम / शिक़वा शायरी / रूठ के जाना तेरा

रूठ के जाना तेरा...


( एडमिन द्वारा दिनाँक 30.11.16 को प्रस्तुत )
Advertisement

ले गया जान मेरी... रूठ के जाना तेरा,
ऐसे आने से तो बेहतर था, न आना तेरा।

रूठ के जाना तेरा



Advertisement

आप इन्हें भी पसंद करेंगे

Advertisement
Ads from AdNow
loading...

अगला पोस्ट »