होम / दर्द शायरी / हर दर्द का हिसाब

हर दर्द का हिसाब

( शिवांगी सक्सेना द्वारा दिनाँक 30-09-2017 को प्रस्तुत )
-Advertisement-

अगर मैं लिखूं तो पूरी किताब लिख दूँ,
तेरे दिए हर दर्द का हिसाब लिख दूँ,
डरती हूँ कहीं तू बदनाम ना हो जाए,
वरना तेरे हर दर्द की कहानी मेरा हर ख्वाब लिख दूँ।

~ शिवी

-Advertisement-

आप इन्हें भी पसंद करेंगे

-Advertisement-
पेज शेयर करें
   
© 2015-2017 हिंदी-शायरी.इन | डिसक्लेमर | संपर्क करें | साईटमैप
Best Shayari in hindi | Love Sad Funny Shayari and Status in Hindi