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बख्शे हम भी न...


( एडमिन द्वारा दिनाँक 16.10.16 को प्रस्तुत )
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बख्शे हम भी न गए बख्शे तुम भी न जाओगे,
वक्त जानता है हर चेहरे को बेनकाब करना।




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